- 1 करोड़ महिलाओं ने रोजगार योजना में किया आवेदन
- 50 लाख से अधिक आवेदकों को मिली स्वीकृति
- 26 सितंबर 2025 को मिलेगी पहली किस्त की राशि
Mukhyamantri Mahila Rojgar Yojana : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आगामी 26 सितंबर को मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना की पहली क़िस्त बिहार के महिलाओं के आधार से जुड़े बैंक खातों में 10-10 हजार रूपये प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (DBT) के माध्यम से ट्रांसफर करेंगे। अगर आप भी इस योजना के लाभार्थी हैं तो यह खबर आपके लिए बहुत जरूरी है। दरअसल इस योजना के सभी पात्र लाभार्थी को अपनी पहचान की पुष्टि के लिए अपने बैंक खातों का KYC अपडेट करवानी होगी।
अगर कोई महिला लाभार्थी e-KYC नहीं करता है तो उसे इस योजना का फायदा नहीं मिल सकेगा, क्योंकी इस योजना का लाभ लेने के लिए e-KYC करना अनिवार्य है। इसके अलावा आपको आवेदन के समय मांगी गयी सभी दस्तावेजों को अटैच करना जरुरी है। यह काम आपको 26 सितंबर 2025 से पहले कराना होगा। अगर आपने ये समय पर नहीं कराया, तो आपके बैंक खाते में योजना की राशि नहीं आएगी। इसका मतलब होगा कि आपको इस का लाभ नहीं मिलेगा। इसलिए इसे जल्द से जल्द जरुर पूरा करें।
क्या होता है e-KYC?
e-KYC एक बहुत ही आसान प्रक्रिया है, जिसमें आपको बैंक को फिर से अपनी पहचान और पता की जानकारी देना होता है। इसका मतलब यह है कि बैंक ये जांच करता है कि आपका खाता अभी भी आपके नाम पर चालू है या नहीं। इसके लिए आपको कुछ डाक्यूमेंट्स जैसे अपना आधार कार्ड, वोटर आईडी या कोई और पहचान पत्र, और पासपोर्ट साइज फोटो बैंक में जमा करनी होती है, ताकि आपके पहचान की पुष्टि की जा सके।
क्या है मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना?
यह योजना बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के द्वारा राज्य की महिलाओं को आर्थिक और आत्मनिर्भर बनाने के लिए शुरू की गई है। इसका उद्देश्य महिलाओं को स्वरोज़गार (self-employment) या चुनी हुई रोजगार को शुरू करने में आर्थिक सहायता प्रदान करना है। इस योजना के तहत हर परिवार की एक महिला को अपनी पसंद की रोजगार शुरू करने के लिए ₹10,000 की पहली किस्त दी जाएगी।
इसके बाद अगली सहायता राशि रोजगार की प्रगति के अनुसार छह महीने में मूल्यांकन के बाद ₹2,00,000 तक की एक अतिरिक्त सहायता दी जाएगी। यह सहायता राशि सीधे DBT (Direct Benefit Transfer) के ज़रिए महिलाओं के बैंक खाते में भेजी जाएगी।

