Bihar Elections 2025 : बिहार विधानसभा चुनाव की तारीखों के ऐलान के बाद सभी दल सीट बंटवारे पर विचार-विमर्श कर रहे हैं। एनडीए में कौन कितनी सीटों पर चुनाव लड़ेगा, इस पर चर्चा चल रही है। अभी तक कुछ भी तय नहीं हुआ है। इस बीच, उपेंद्र कुशवाहा की पार्टी राष्ट्रीय लोक मोर्चा ने भाजपा को लगभग 20-22 सीटों की सूची सौंपी है। कुशवाहा इन सीटों पर चुनाव लड़ना चाहते हैं।
सौंपी गई सीटों की सूची में दिनारा, मधुबनी, महुआ, उजियारपुर, कुर्था, सासाराम और ओबरा शामिल हैं, और वह अपनी सीट पक्की करवाना चाहते हैं। इसके अलावा, वे सुल्तानगंज, गोह, बाजपट्टी और शेखपुरा सहित लगभग 20-22 सीटें चाहते हैं। सूत्रों के अनुसार, सीट बंटवारे पर अंतिम दौर की बातचीत एक-दो दिन में होगी। बिहार में एनडीए के लिए आज और कल अहम दिन हैं।
एनडीए में सीट बंटवारे का गतिरोध:
सूत्रों के अनुसार, सीट बंटवारे की घोषणा पटना में की जाएगी। उम्मीद है कि एनडीए गठबंधन अगले एक-दो दिन में सीट बंटवारे का गतिरोध सुलझा लेगा। एनडीए खेमे में, हम पार्टी के जीतन मांझी 15 सीटों की मांग कर रहे हैं। चिराग पासवान 40 से 45 सीटों की मांग कर रहे हैं, जबकि भाजपा केवल 20 सीटें देने को तैयार है। उपेंद्र कुशवाहा की पार्टी 20-22 सीटों की मांग कर रही है। भाजपा और जदयू 103-103 सीटों पर चुनाव लड़ना चाहते हैं।
जीतन राम मांझी ने रखी ये शर्त:
जीतन राम मांझी ने कहा कि अगर उन्हें 15 सीटें नहीं मिलीं, तो वे चुनाव नहीं लड़ेंगे। वे अपमानित महसूस कर रहे हैं। हमारे लोगों को मतदाता सूची नहीं मिली है। हमारे पास 70 से 80 सीटों के विकल्प हैं। हमें बुलाया ही नहीं गया है। हम कब तक यह अपमान सहते रहेंगे? मैंने हमेशा एनडीए का समर्थन किया है, इसलिए यह एनडीए का कर्तव्य है कि हम अपमानित महसूस न करें। पिछले चुनाव में हमने 7 सीटें जीती थीं। हमारा स्ट्राइक रेट 60% था। इस बार हम 15 सीटें चाहते हैं ताकि 60% सीटें जीतने के बाद हमें मान्यता प्राप्त राजनीतिक दल का दर्जा मिल जाए।
बिहार में 6 और 11 नवंबर को मतदान:
बिहार में कुल 243 सीटों के लिए दो चरणों में मतदान होगा। पहला चरण 6 नवंबर को 121 सीटों के लिए होगा। दूसरा चरण 11 नवंबर को 122 सीटों के लिए होगा। नतीजे 14 नवंबर को घोषित किए जाएँगे। इस चुनाव में 7.42 करोड़ मतदाता हैं। इनमें से 3.92 करोड़ पुरुष और 3.49 करोड़ महिला मतदाता हैं।

